पत्नी पढ़ी-लिखी और कमाने में सक्षम हो तो भी मिल सकता है गुजारा भत्ता, इलाहाबाद हाईकोर्ट की बड़ी टिप्पणी

लखनऊ: क्या केवल शिक्षित होने या कमाने की क्षमता रखने भर से पत्नी भरण-पोषण की हकदार नहीं रहती? इस अहम सवाल पर इलाहाबाद हाईकोर्ट ने महत्वपूर्ण टिप्पणी करते हुए साफ किया है कि पत्नी के पढ़े-लिखे होने या नौकरी करने की क्षमता भर से उसे सीआरपीसी की धारा 125 के तहत गुजारा भत्ता मांगने के अधिकार से वंचित नहीं किया जा सकता। हाईकोर्ट की न्यायमूर्ति गरिमा प्रसाद की पीठ ने सुनवाई के दौरान कहा कि असली सवाल यह है कि क्या पत्नी के पास वर्तमान समय में खुद का भरण-पोषण…

Read More