नई दिल्ली: नीट परीक्षा रद्द होने के बाद आम आदमी पार्टी ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है। पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने आरोप लगाया कि राजनीतिक संरक्षण और मिलीभगत की वजह से बार-बार पेपर लीक की घटनाएं सामने आ रही हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि 2017, 2021, 2024 और अब 2026 में भी नीट पेपर लीक होने के बावजूद अब तक किसी आरोपी को सजा क्यों नहीं मिली।
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि वर्षों तक कठिन मेहनत करने वाले करोड़ों छात्रों के साथ यह बहुत बड़ा अन्याय और धोखा है। उन्होंने कहा कि पिछली बार पेपर लीक में शामिल आरोपी भी जमानत पर बाहर घूम रहे हैं, जिससे साफ है कि कार्रवाई केवल दिखावे तक सीमित है।
‘मैं जानता हूं परीक्षा की तैयारी कितनी कठिन होती है’
नीट परीक्षा रद्द होने से प्रभावित छात्रों और अभिभावकों के प्रति संवेदना जताते हुए केजरीवाल ने अपनी तैयारी के दिनों को याद किया। उन्होंने कहा कि उन्होंने भी आईआईटी और सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी की थी और वह समझते हैं कि इन परीक्षाओं के लिए कितनी कठोर तपस्या करनी पड़ती है।
उन्होंने कहा कि हिसार स्थित उनके छोटे से घर में ऊपर एक छोटा कमरा बनाया गया था, जहां वह घंटों बैठकर पढ़ाई करते थे। केजरीवाल ने कहा कि उस समय पेपर लीक जैसी घटनाएं नहीं होती थीं, इसलिए मेहनत करने वाले छात्रों को न्याय मिलता था।
‘गरीब परिवार बच्चों की पढ़ाई के लिए सबकुछ दांव पर लगा देते हैं’
आप प्रमुख ने कहा कि देश में लाखों परिवार बेहद आर्थिक कठिनाइयों के बावजूद बच्चों को कोचिंग दिलाते हैं। कई माता-पिता बच्चों की पढ़ाई के लिए जमीन बेच देते हैं या सोना गिरवी रख देते हैं।
उन्होंने कहा कि बच्चे किराए के कमरों में रहकर वर्षों तैयारी करते हैं और ऐसे में अगर परीक्षा का पेपर लीक हो जाए तो इससे बड़ा विश्वासघात कुछ नहीं हो सकता। केजरीवाल ने कहा कि अब युवाओं को अपने भविष्य की रक्षा के लिए सड़कों पर उतरना पड़ेगा और आम आदमी पार्टी उनके साथ खड़ी रहेगी।
संजय सिंह बोले- ‘भाजपा के लिए पेपर लीक भी देशभक्ति’
आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता और सांसद संजय सिंह ने भी केंद्र सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि भाजपा के लिए हर चीज देशभक्ति बन चुकी है और अब पेपर लीक कराना तथा युवाओं का भविष्य बर्बाद करना भी उसी श्रेणी में आ गया है।
संजय सिंह ने आरोप लगाया कि देशभर में सक्रिय शिक्षा माफिया को राजनीतिक संरक्षण प्राप्त है। उन्होंने दावा किया कि संसद में भी उन्होंने यह मुद्दा उठाया था और परीक्षा आयोजित कराने वाली कई कंपनियों के भाजपा से जुड़े होने का आरोप लगाया था।
उन्होंने कहा कि नीट परीक्षा रद्द होने से 22 लाख छात्रों का भविष्य प्रभावित हुआ है और इसके लिए जिम्मेदारी तय होनी चाहिए।
‘सरकार आश्वासन देती है, लेकिन हालात नहीं बदलते’
आप नेता सौरभ भारद्वाज ने कहा कि सरकार हर बार सख्त कार्रवाई का भरोसा देती है, लेकिन इसके बावजूद पेपर लीक की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं।
उन्होंने कहा कि देशभर में लाखों परिवार अपनी बचत खर्च कर बच्चों को कोचिंग दिला रहे हैं। अलग-अलग राज्यों में बड़े कोचिंग हब तैयार हो चुके हैं, जहां छात्र सालों मेहनत करते हैं। ऐसे में पेपर लीक होने से न केवल छात्रों का भविष्य प्रभावित होता है, बल्कि परिवारों की आर्थिक स्थिति भी बुरी तरह टूट जाती है।
सौरभ भारद्वाज ने कहा कि इस तरह की घटनाओं से कई छात्र मानसिक तनाव और अवसाद का शिकार हो सकते हैं, लेकिन सरकार इस गंभीर मुद्दे को लेकर संवेदनशील नजर नहीं आ रही।
