“मैं इस्तीफा नहीं दूंगी!”—दीदी का डायलॉग या डेमोक्रेसी का टेस्ट?

हार के बाद नेता चुप हो जाते हैं… यहां नेता ने माइक उठा लिया। Mamata Banerjee ने कहा—“मैं इस्तीफा नहीं दूंगी”… और लोकतंत्र ने कहा—“देखते हैं।” यह सिर्फ बयान नहीं, सिस्टम के साथ खुला टकराव है… और जनता बीच में बैठी popcorn खा रही है। डायलॉग भारी, नंबर हल्के सियासत में सबसे बड़ा झूठ यही है कि डायलॉग से सरकार चलती है। ममता का बयान सुनकर लगा जैसे स्क्रिप्ट किसी फिल्म राइटर ने लिखी हो—“मैं नहीं जाऊंगी”… लेकिन समस्या ये है कि यहां निर्देशक नहीं, संविधान बैठा है।अगर बहुमत गया,…

Read More

शपथ ली संसद की, काउंसिल की नहीं! तारिक बनाम यूनुस नई सियासी जंग

बांग्लादेश की सियासत में शपथ ग्रहण से पहले ही टकराव की पटकथा लिखी जा चुकी थी। तारिक रहमान के नेतृत्व वाली नई सरकार के शपथ लेने से ठीक पहले, अंतरिम सरकार के मुखिया मोहम्मद यूनुस ने एक बड़ा संवैधानिक दांव चलने की कोशिश की—‘Constitution Reform Council’ का प्रस्ताव। लेकिन BNP ने शुरुआत में ही इस प्रस्ताव को “मनमानी” करार देते हुए खारिज कर दिया। संदेश साफ था “जनता ने हमें सांसद चुना है, सुधार परिषद का सदस्य नहीं।” क्या था Constitution Reform Council का प्रस्ताव? अंतरिम सरकार चाहती थी कि…

Read More