हापुड़: उत्तर प्रदेश में त्योहारों से पहले मिलावटखोरी के खिलाफ खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (एफएसडीए) की कार्रवाई तेज हो गई है। हापुड़ में विभाग की टीम ने मोदीनगर रोड स्थित मैसर्स श्रेष्ठा फूड प्रोडक्ट्स पर छापेमारी कर मिलावट की आशंका में 890 किलोग्राम घी सीज कर दिया। इसकी अनुमानित कीमत करीब 5.34 लाख रुपये बताई गई है। इसके अलावा 14 लीटर रिफाइंड पाम ऑयल भी जब्त किया गया। जांच के दौरान फैक्ट्री में गंदगी और भंडारण से जुड़ी कई कमियां सामने आईं, जिसके बाद विभाग ने सुधार के लिए नोटिस जारी किया।
अब्दुल्लापुर बसंत गांव में हुई छापेमारी, घी के नमूने जांच के लिए भेजे
सहायक आयुक्त खाद्य द्वितीय चंद्र शेखर मिश्र के नेतृत्व में विभागीय टीम ने हापुड़ के गांव अब्दुल्लापुर बसंत उर्फ फरीदपुर गोयना में मोदीनगर रोड स्थित मैसर्स श्रेष्ठा फूड प्रोडक्ट्स के परिसर की जांच की। यहां करीब 892 किलोग्राम घी, रिफाइंड पाम ऑयल का एक टिन और 30 किलोग्राम क्रीम मिली। परिसर में घी बनाने के उपकरण भी मौजूद थे।
घी में मिलावट की आशंका और रिफाइंड पाम ऑयल की मौजूदगी को देखते हुए टीम ने घी के दो, रिफाइंड पाम ऑयल का एक और क्रीम का एक नमूना जांच के लिए एकत्र किया। विभाग ने कार्रवाई के दौरान 890 किलोग्राम घी और 14 लीटर पाम ऑयल सीज किया। नमूनों की जांच रिपोर्ट आने के बाद खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता को लेकर स्थिति स्पष्ट होगी।
फैक्ट्री में गंदगी, नॉन फूड ग्रेड ड्रमों में रखा मिला घी
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों को घी बनाने के उपकरणों, भंडारण स्थल और प्रसंस्करण क्षेत्र में गंदगी मिली। इसके अलावा घी को प्लास्टिक के ऐसे ड्रमों में रखा गया था, जो खाद्य पदार्थों के भंडारण के निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं थे।
सहायक आयुक्त खाद्य द्वितीय चंद्र शेखर मिश्र ने बताया कि परिसर में मिली कमियों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित प्रतिष्ठान को सुधार के लिए नोटिस जारी किया गया है। त्योहारों के मद्देनजर विभाग मिलावटखोरी रोकने के लिए लगातार जांच अभियान चला रहा है। इस कार्रवाई से खाद्य कारोबारियों में हड़कंप की स्थिति है।
यूपी में केले पकाने वाले केंद्रों पर भी कार्रवाई, 311 चैंबरों की जांच
खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन ने प्रदेशभर में फलों को पकाने वाले केंद्रों पर भी विशेष जांच अभियान चलाया। इस दौरान कुल 311 राइपनिंग चैंबरों का निरीक्षण किया गया। जांच में 25 प्रतिष्ठान बिना वैध खाद्य लाइसेंस के संचालित होते मिले। नियमों के उल्लंघन पर 132 से अधिक प्रतिष्ठानों को सुधार नोटिस जारी किए गए।
अभियान के दौरान गुणवत्ता मानकों पर खरे नहीं उतरने वाले पांच कुंतल से अधिक केले नष्ट कराए गए। अधिकारियों ने केंद्रों पर साफ-सफाई, फलों के भंडारण, ट्रे की स्वच्छता और खाद्य सुरक्षा संबंधी दिशा-निर्देशों के पालन की जांच की।
गंदगी और साफ-सफाई में लापरवाही मिलने पर संचालकों को निर्देश
निरीक्षण के दौरान कई राइपनिंग चैंबरों में स्वच्छता की स्थिति संतोषजनक नहीं मिली। कुछ स्थानों पर गंदगी, बिना साफ की गई ट्रे और परिसर के रखरखाव में लापरवाही जैसी कमियां सामने आईं। खाद्य पदार्थों को पकाने और भंडारित करने वाले केंद्रों पर नियमों की अनदेखी को देखते हुए संबंधित संचालकों को सुधार के निर्देश दिए गए।
त्योहारों के दौरान मिलावटी और असुरक्षित खाद्य पदार्थों की बिक्री रोकने के लिए विभाग की ओर से घी, तेल, क्रीम और फलों सहित विभिन्न खाद्य पदार्थों की जांच की जा रही है।
