रुद्रपुर: उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दावा किया है कि किसानों की आय वृद्धि के मामले में उत्तराखंड देश में पहला स्थान हासिल कर चुका है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा कृषि और बागवानी क्षेत्र में लगातार दिए जा रहे प्रोत्साहन, योजनाओं और भारी अनुदान का ही परिणाम है कि प्रदेश के किसान आय वृद्धि सूचकांक में शीर्ष पर पहुंचे हैं।
मुख्यमंत्री धामी शुक्रवार को पंतनगर स्थित गोविंद बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय में आयोजित पुरातन छात्र सम्मेलन और बाद में गांधी पार्क में आयोजित किसान संवाद कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की प्राथमिकताओं में कृषि और किसान सबसे ऊपर हैं तथा किसानों को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।
बागवानी क्षेत्र को मिल रहा विशेष प्रोत्साहन
मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार के सहयोग और राज्य की योजनाओं के चलते उत्तराखंड तेजी से बागवानी हब बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। उन्होंने बताया कि सेब और ड्रैगन फ्रूट जैसी फसलों की खेती को बढ़ावा देने के लिए किसानों को 80 प्रतिशत तक अनुदान उपलब्ध कराया जा रहा है। इससे किसानों की आय बढ़ाने के साथ-साथ कृषि क्षेत्र में नए अवसर भी तैयार हो रहे हैं।
प्राकृतिक खेती और सुगंधित फसलों पर सरकार का फोकस
धामी ने कहा कि सरकार प्राकृतिक और पारंपरिक खेती को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है। इसी उद्देश्य से सुगंधित फसलों की खेती को प्रोत्साहित किया जा रहा है और इसके लिए विशेष नीति भी लागू की गई है। उन्होंने कहा कि कृषि यंत्रों पर भी व्यापक सब्सिडी दी जा रही है ताकि छोटे और सीमांत किसानों को खेती-किसानी में किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
समाज के लिए उपयोगी बने शोध और ज्ञान
पंत विश्वविद्यालय के पूर्व छात्रों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षा और अनुसंधान का वास्तविक उद्देश्य तभी पूरा होता है, जब उसका लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे। उन्होंने छात्रों और पूर्व छात्रों से अपने अनुभव, शोध और ज्ञान को समाज के हित में उपयोग करने का आह्वान किया।
पंत विश्वविद्यालय की भूमिका की सराहना
मुख्यमंत्री ने कहा कि पंत विश्वविद्यालय केवल एक शैक्षणिक संस्थान नहीं, बल्कि व्यावहारिक प्रशिक्षण और कृषि अनुसंधान का प्रमुख केंद्र है। यहां से निकलने वाले विद्यार्थी केवल डिग्री ही नहीं, बल्कि व्यवहारिक ज्ञान भी प्राप्त करते हैं, जो उन्हें देश और समाज के विकास में योगदान देने के योग्य बनाता है।
केंद्रीय कृषि मंत्री की भी की प्रशंसा
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री धामी ने केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि कृषि क्षेत्र को उनकी सक्रियता और अनुभव का लाभ मिल रहा है। विद्यार्थियों और किसानों के बीच जाकर कृषि गतिविधियों का निरीक्षण करने से युवाओं का मनोबल बढ़ा है और उन्हें नई प्रेरणा मिली है।
