प्रयागराज: उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले में अब ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। बिना हेलमेट दोपहिया चलाने, सीट बेल्ट न लगाने या वाहन चलाते समय मोबाइल फोन पर बात करने वालों का सिर्फ चालान ही नहीं कटेगा, बल्कि उनका ड्राइविंग लाइसेंस भी निलंबित किया जा सकता है। यह फैसला जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में लिया गया, जिसकी अध्यक्षता जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा ने की।
बैठक में सड़क सुरक्षा नियमों को और सख्ती से लागू करने पर सहमति बनी। प्रशासन ने साफ किया कि ट्रैफिक नियमों के प्रति लापरवाही अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
जाम से निपटने के लिए बनेगी नई कार्ययोजना
जिलाधिकारी ने शहर के भीड़भाड़ वाले इलाकों में ट्रैफिक व्यवस्था सुधारने के निर्देश दिए। चौक, घंटाघर, सिविल लाइंस और लल्ला चुंगी जैसे जाम प्रभावित क्षेत्रों में टेंपो-टैक्सी यूनियन, स्थानीय वेंडर्स और प्रशासन के साथ मिलकर विशेष कार्ययोजना तैयार की जाएगी।
प्रशासन ने कहा कि वालंटियर्स की मदद से इस योजना को 1 जून से लागू किया जाएगा, ताकि शहर को जाम की समस्या से राहत मिल सके।
16 स्थायी होल्डिंग एरिया में ही खड़े होंगे बस और ट्रक
शहर में अनियंत्रित पार्किंग रोकने के लिए प्रशासन ने 16 स्थायी होल्डिंग एरिया चिन्हित किए हैं। निर्देश दिए गए हैं कि बस और ट्रक केवल इन्हीं निर्धारित स्थानों पर खड़े किए जाएं।
इसके अलावा शहरी क्षेत्र में नो ई-रिक्शा जोन, नो व्हीकल जोन और पैदल जोन भी चिन्हित किए जाएंगे। इसके लिए एडीएम सिटी की अध्यक्षता में एक विशेष टीम बनाई गई है, जिसमें यातायात पुलिस, रोडवेज, परिवहन विभाग और टेंपो-टैक्सी यूनियन के प्रतिनिधि शामिल होंगे।
मैरिज हॉल, स्कूल और अस्पतालों को नोटिस
जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि जिन मैरिज हॉल, स्कूलों और अस्पतालों में पार्किंग की पर्याप्त व्यवस्था नहीं है, उन्हें नोटिस जारी किया जाए। प्रशासन का मानना है कि अव्यवस्थित पार्किंग भी शहर में जाम का बड़ा कारण बन रही है।
स्टंटबाजी और सरकारी संपत्ति नुकसान पहुंचाने पर सख्ती
डीएम ने सड़क पर स्टंटबाजी करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए। साथ ही लोक निर्माण विभाग, नगर निगम और एनएचएआई की ओर से बनाई गई रेलिंग, डिवाइडर और अन्य सरकारी संपत्तियों को नुकसान पहुंचाने वालों पर भी कठोर कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
हाईवे किनारे अस्पतालों की होगी जियो टैगिंग
सड़क हादसों में त्वरित सहायता सुनिश्चित करने के लिए स्वास्थ्य विभाग को हाईवे और मुख्य सड़कों के किनारे स्थित अस्पतालों की जियो टैगिंग कराने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही एंबुलेंस को प्रमुख लोकेशनों पर तैनात करने की योजना भी बनाई जा रही है।
बैठक में अपर पुलिस आयुक्त अजय पाल शर्मा, डीसीपी ट्रैफिक विजय आनंद, नगर मजिस्ट्रेट विनोद कुमार सिंह और परिवहन विभाग समेत कई अधिकारी मौजूद रहे।
