लखनऊ: राजधानी लखनऊ के गोमतीनगर स्टेशन पर छपरा-गोमतीनगर एक्सप्रेस की एस-1 बोगी में बक्से के अंदर मिली युवती की सिर कटी लाश मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। जीआरपी की टीम ने इस केस में तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और उन्हें लखनऊ लाकर वरिष्ठ अधिकारियों के सामने पूछताछ की जा रही है। पुलिस के मुताबिक शुरुआती जांच में मामला ऑनर किलिंग का होने की आशंका जताई जा रही है, हालांकि आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद ही की जाएगी।
मामले में सामने आया है कि रविवार को ट्रेन के एस-1 कोच के गेट के पास रखे बक्से से युवती का शव बरामद हुआ था। बक्से के साथ मिले बैग में उसके हाथ और पैर भी पाए गए थे। घटना के बाद रेलवे और जीआरपी में हड़कंप मच गया था और तीन अलग-अलग टीमें जांच में लगाई गई थीं।
पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि मृतका की पहचान कुशीनगर जिले के तमकुही रोड क्षेत्र की रहने वाली युवती के रूप में हुई है। जांच के दौरान पुलिस ने तकनीकी और स्थानीय इनपुट के आधार पर संदिग्धों तक पहुंच बनाई और तमकुही रोड के पास एक गांव से तीन आरोपियों को हिरासत में लिया गया।
सूत्रों के अनुसार आरोपियों से पूछताछ में यह बात सामने आई है कि युवती का एक युवक से संबंध था, जिससे परिवार नाराज था। इसी विवाद को लेकर हत्या की आशंका जताई जा रही है। बताया जा रहा है कि हत्या के बाद शव को टुकड़ों में बांटकर बक्से और बैग में रखा गया और इसे ट्रेन में छोड़ दिया गया।
एसपी जीआरपी ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों से गहन पूछताछ की जा रही है और पूरे घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ी जा रही हैं। उन्होंने कहा कि सभी पहलुओं की जांच के बाद ही पूरी सच्चाई सामने लाई जाएगी।
पुलिस ने यह भी बताया कि ट्रेन के तमकुही रोड स्टेशन पर ठहराव के दौरान संदिग्ध गतिविधियों को लेकर अहम सुराग मिले हैं। जांच टीम अब यह पता लगाने में जुटी है कि शव को ट्रेन तक कैसे और किन परिस्थितियों में पहुंचाया गया।
