
शनिवार को बाराबंकी की हवा में सिर्फ धूल नहीं उड़ी, बल्कि यूनिवर्सिटी प्रशासन के पसीने भी छूट गए। श्री रामस्वरूप यूनिवर्सिटी में सरकारी जमीन पर अतिक्रमण के आरोपों के बाद प्रशासन ने वो किया जिसका डर था — बुलडोजर बुला लिया गया!
3:30 PM – जब “एनिमल हाउस” बना ढहाने का पहला स्टॉप
कहते हैं, हर बड़ी कार्रवाई की एक शुरुआत होती है। इस बार शुरुआत हुई यूनिवर्सिटी के “एनिमल हाउस” से। जैसे ही बुलडोजर अंदर घुसा, कैंपस में हड़कंप मच गया। एनिमल हाउस को राजस्व विभाग के दस्तावेजों और कोर्ट ऑर्डर के आधार पर पूरी तरह जमींदोज कर दिया गया।
सूत्रों की मानें तो इस बार बुलडोजर में “Emotion नहीं, एक्शन” था।
कागज़ की नहीं, अब बुलडोजर की चलेगी!
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2013 से आरोप, अब जाकर मिला सख्त जवाब
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यह पूरा मामला बताता है कि यूपी में अब सिर्फ कागज़ नहीं, खड़खड़ करता बुलडोजर ही फैसले देगा।
ABVP का प्रेशर और Monday वाला लाठीचार्ज
पिछले सोमवार को ABVP कार्यकर्ताओं और छात्रों के प्रदर्शन में हुआ था लाठीचार्ज। तभी से यह मुद्दा तूल पकड़ गया था।
ABVP ने कहा:
“सरकारी जमीन पर यूनिवर्सिटी का कब्जा? अब नहीं चलेगा!”
और प्रशासन ने कहा, “ठीक है, अब चलेगा — बुलडोजर!”
छावनी बना कैंपस, बाकी निर्माण भी निशाने पर
यूनिवर्सिटी परिसर को इस दौरान “mini military zone” बना दिया गया था।
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नवाबगंज SDM

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तहसीलदार
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पुलिस बल
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राजस्व टीम
…सभी मौजूद थे, ताकि कोई कह न दे कि “बिना सूचना तोड़ा!”
सूत्रों के अनुसार, ये तो बस “शुभारंभ” था। बाकी अतिक्रमित निर्माणों पर भी जल्द चल सकता है बुलडोजर।
क्या अब ‘Bulldozer University’ कहलाएगी SRU?
अगर प्रशासन ऐसे ही एक-एक निर्माण पर चढ़ता रहा, तो शायद अगले सेमेस्टर में यूनिवर्सिटी का नाम बदलकर हो जाए:
“श्री रामस्वरूप बुलडोजर यूनिवर्सिटी ऑफ डिस्मैंटलमेंट एंड लैंड रिफॉर्म्स!”
कैंपस में एनिमल हाउस तो ढहा, लेकिन सोशल मीडिया पर मीमर्स का “ह्यूमन हाउस” एक्टिव हो चुका है।
तालाब की ज़मीन से चला बुलडोजर, अब रुकेगा नहीं!
अब ये तय है कि यूपी में अतिक्रमण का कोई भी मामला “लंबे समय तक फाइलों में सोता नहीं”, एक न एक दिन बुलडोजर जगाता है।
तो अगली बार कोई यूनिवर्सिटी निर्माण कराए, तो पहले NOC देख ले, वरना “NOC” की जगह “NO CAMPUS” रह जाएगा।
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