नई दिल्ली: आईपीएल में प्लेऑफ की रेस जितनी रोमांचक होती है, उससे कहीं ज्यादा जंग पॉइंट्स टेबल में टॉप-2 में जगह बनाने को लेकर देखने को मिलती है। हर सीजन टीमें सिर्फ टॉप-4 में पहुंचने तक सीमित नहीं रहतीं, बल्कि उनकी कोशिश रहती है कि लीग स्टेज का अंत टॉप-2 में रहकर किया जाए।
आईपीएल 2026 में भी यही तस्वीर दिखाई दे रही है। अब तक RCB, GT और SRH ने प्लेऑफ में अपनी जगह लगभग पक्की कर ली है, लेकिन टॉप-2 की लड़ाई अभी भी बेहद दिलचस्प बनी हुई है।
टॉप-2 में रहने का सबसे बड़ा फायदा क्या है?
आईपीएल के नियमों के मुताबिक, पॉइंट्स टेबल में पहले और दूसरे स्थान पर रहने वाली टीमें क्वालीफायर-1 खेलती हैं। इस मुकाबले की विजेता टीम सीधे फाइनल में पहुंच जाती है।
यहीं से टॉप-2 की असली ताकत सामने आती है, क्योंकि हारने वाली टीम भी टूर्नामेंट से बाहर नहीं होती। उसे फाइनल में पहुंचने का एक और मौका मिलता है।
यानी क्वालीफायर-1 हारने वाली टीम क्वालीफायर-2 खेलती है, जहां उसका मुकाबला एलिमिनेटर जीतने वाली टीम से होता है।
तीसरे और चौथे नंबर की टीमों पर ज्यादा दबाव
पॉइंट्स टेबल में तीसरे और चौथे स्थान पर रहने वाली टीमें एलिमिनेटर मुकाबला खेलती हैं। इस मैच में हारने वाली टीम का सफर तुरंत खत्म हो जाता है।
यही वजह है कि टॉप-2 में रहने वाली टीमों को फाइनल तक पहुंचने के दो मौके मिलते हैं, जबकि तीसरे और चौथे नंबर की टीमों के लिए हर मैच करो या मरो जैसा होता है।
फाइनल की तैयारी के लिए भी मिलता है अतिरिक्त समय
टॉप-2 में रहने वाली टीमों को सिर्फ दूसरा मौका ही नहीं मिलता, बल्कि रणनीति और तैयारी के लिहाज से भी फायदा होता है।
क्वालीफायर-1 जीतने वाली टीम सीधे फाइनल में पहुंचकर आराम और तैयारी के लिए अतिरिक्त समय हासिल कर लेती है। इससे खिलाड़ियों को रिकवरी और टीम मैनेजमेंट को रणनीति बनाने का मौका मिलता है।
हालांकि इस बार आईपीएल 2026 के नॉकआउट शेड्यूल में कुछ बदलाव किए गए हैं।
इस बार बदला गया है नॉकआउट का शेड्यूल
आईपीएल 2026 में 26 मई को धर्मशाला में क्वालीफायर-1 खेला जाएगा। इसके बाद 29 मई को मुल्लांपुर में क्वालीफायर-2 होगा।
इस बार क्वालीफायर-1 हारने वाली टीम को दूसरा क्वालीफायर खेलने के लिए अलग मैदान पर जाना होगा। वहीं 31 मई को अहमदाबाद में फाइनल मुकाबला खेला जाएगा।
ऐसे में टॉप-2 की जंग इस सीजन और भी ज्यादा अहम मानी जा रही है, क्योंकि छोटी सी चूक टीम के पूरे अभियान को मुश्किल बना सकती है।
