
चुनाव का मौसम है… और टिकट की लिस्ट किसी रिजल्ट से कम नहीं होती। Bharatiya Janata Party ने असम में अपनी पहली लिस्ट जारी की—और इसके साथ ही शुरू हो गया खुशी, गुस्सा और सियासी गणित का खेल।
किसी के लिए ये ‘विजय टिकट’ है… तो किसी के लिए ‘राजनीतिक ब्रेकअप लेटर’।
88 नाम, 1 संदेश: “अनुभव + संतुलन”
Bharatiya Janata Party ने असम विधानसभा चुनाव के लिए 88 उम्मीदवारों की पहली सूची जारी कर दी है।
इसमें 6 महिला उम्मीदवार भी शामिल हैं यानी representation का हल्का-सा टच भी दिया गया है।
पार्टी ने साफ संकेत दिया है पुराने और अनुभवी चेहरों पर भरोसा संगठन के संतुलन को प्राथमिकता।
CM का भरोसा कायम
असम के मुख्यमंत्री Himanta Biswa Sarma को फिर से जालुकबारी सीट से मैदान में उतारा गया है। मतलब साफ है पार्टी को अपने सबसे बड़े चेहरे पर पूरा भरोसा है।
दलबदलुओं की लॉटरी
राजनीति में टाइमिंग सबकुछ होती है… और यहां तो jackpot लग गया। Pradyut Bordoloi दिसपुर से टिकट, Bhupen Bora बिहपुरिया से टिकट।
दोनों पहले Indian National Congress में थे अब BJP में आकर “फास्ट ट्रैक प्रमोशन” पा गए।
पुराने दिग्गज भी मैदान में
पूर्व केंद्रीय मंत्री Rameswar Teli को दुलियाजन से टिकट दिया गया है। इसके अलावा कई पुराने चेहरे भी लिस्ट में शामिल हैं जो पार्टी के “tested soldiers” माने जाते हैं।
सीटों पर नजर: कौन कहां से?
कुछ प्रमुख नाम—

- अभयपुरी – भूपेन रॉय
- बिजनी – अरूप कुमार डे
- भवानीपुर-सोरभोग – रंजीत कुमार दास
- रंगिया – भबेश कलिता
- कमलपुर – दिगंत कलिता
- गुवाहाटी सेंट्रल – विजय कुमार गुप्ता
- नलबाड़ी – जयंत मल्ल बरुआ
यह लिस्ट बताती है कि पार्टी ने जमीनी पकड़ वाले नेताओं को तरजीह दी है।
राजनीति में ideology कम electability ज्यादा मायने रखती है। आज जो कल तक विरोध में थे आज वही “अपना” बन गए। और जो सालों से वफादार थे उनके लिए एक लाइन “Better luck next time!”
पॉलिटिकल एनालिस्ट Hussain Afsar का कहना है, “भारत की क्षेत्रीय राजनीति अब पूरी तरह रणनीतिक हो चुकी है, जहां विचारधारा से ज्यादा जीतने की क्षमता को महत्व दिया जाता है।”
उनके मुताबिक, BJP का यह कदम चुनावी गणित को साधने की कोशिश है, न कि सिर्फ संगठन चलाने की।
राजनीति का नया नियम जो जीत सकता है, वही ‘सच्चा कार्यकर्ता’ है। पार्टी बदली? कोई बात नहीं। टिकट मिल गया? बस वही असली ideology है। वोटर सोच रहा है “ये चुनाव है या ट्रांसफर विंडो?”
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