PET-2026 को लेकर CM योगी सख्त, पुलिस एस्कॉर्ट में पहुंचेगी परीक्षा सामग्री; 35.41 लाख अभ्यर्थियों के लिए खास इंतजाम

लखनऊ: उत्तर प्रदेश में प्रारंभिक अर्हता परीक्षा (PET-2026) को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को सुरक्षा और व्यवस्थाओं में किसी भी तरह की लापरवाही नहीं बरतने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि परीक्षा सामग्री को केंद्रों तक पहुंचाने के लिए मजिस्ट्रेट और पुलिस एस्कॉर्ट के साथ वाहनों की व्यवस्था की जाए। अभ्यर्थियों की संख्या को देखते हुए अतिरिक्त बसें और ट्रेनें चलाने के साथ रेलवे और परिवहन विभाग के बीच बेहतर समन्वय बनाने को भी कहा गया है।

35.41 लाख अभ्यर्थी देंगे परीक्षा, 60 जिलों में बने केंद्र

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग की ओर से आयोजित PET-2026 की तैयारियों की समीक्षा की। इस परीक्षा में कुल 35.41 लाख अभ्यर्थियों के शामिल होने की संभावना के मद्देनजर प्रदेश के 60 जिलों में 1,372 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। प्रत्येक पाली में 5,90,217 अभ्यर्थियों के लिए व्यवस्था की गई है।

आगरा, अलीगढ़, झांसी, गोरखपुर, गाजियाबाद, लखनऊ, मेरठ, मुरादाबाद और प्रयागराज समेत नौ जिलों में हर पाली में 15 हजार से अधिक अभ्यर्थी परीक्षा देंगे। परीक्षा की निगरानी के लिए आयोग मुख्यालय में कमांड कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है, जहां से कैमरों के माध्यम से सभी परीक्षा केंद्रों पर नजर रखी जा रही है।

नकल और अफवाह फैलाने वालों पर होगी कार्रवाई

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को परीक्षा से पहले और परीक्षा के दौरान सोशल मीडिया पर फैलने वाली अफवाहों पर विशेष निगरानी रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि भ्रामक खबरों पर रोक लगाने के लिए स्थानीय अभिसूचना तंत्र को सक्रिय रखा जाए। परीक्षा केंद्रों पर नकल या अनुचित साधनों का इस्तेमाल करने वालों के खिलाफ तत्काल कानूनी कार्रवाई की जाए।

योगी आदित्यनाथ ने परीक्षा सामग्री को जिला कोषागार में सुरक्षित रखने और परीक्षा संपन्न होने के बाद उसे आयोग मुख्यालय तक सुरक्षित पहुंचाने की व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही परीक्षा केंद्रों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात करने और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने के निर्देश दिए।

कक्ष निरीक्षकों और कर्मचारियों की तैनाती पर भी जोर

मुख्यमंत्री ने परीक्षा केंद्रों पर कक्ष निरीक्षकों और सहायक कर्मचारियों की समय से तैनाती सुनिश्चित करने के साथ उनके प्रशिक्षण की व्यवस्था करने को कहा। सभी तैनात कर्मचारियों को पहचान पत्र जारी करने के निर्देश भी दिए गए हैं।

इसके अलावा परीक्षा केंद्रों पर पेयजल, शौचालय और साफ-सफाई जैसी बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया। सरकार का उद्देश्य परीक्षा को सुरक्षित, व्यवस्थित और पारदर्शी तरीके से संपन्न कराना है।

अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए अतिरिक्त बसें और ट्रेनें

परीक्षा में बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों के शामिल होने को देखते हुए मुख्यमंत्री ने परिवहन और रेलवे विभाग को आपसी समन्वय से यात्रा की बेहतर व्यवस्था करने के निर्देश दिए। जरूरत के अनुसार अतिरिक्त बसें और ट्रेनें चलाने को कहा गया है, ताकि अभ्यर्थियों को परीक्षा केंद्रों तक पहुंचने में परेशानी न हो।

लखनऊ में 45 केंद्रों पर दो पालियों में परीक्षा

लखनऊ में PET-2026 के लिए 45 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। परीक्षा दो पालियों में आयोजित होगी। पहली पाली सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक और दूसरी पाली दोपहर 3 बजे से शाम 5 बजे तक निर्धारित है।

अभ्यर्थियों को दो घंटे में 100 बहुविकल्पीय प्रश्नों के उत्तर देने होंगे। प्रश्नपत्र में भारतीय इतिहास, राष्ट्रीय आंदोलन, भूगोल, भारतीय अर्थव्यवस्था, संविधान एवं लोक प्रशासन, सामान्य विज्ञान, प्रारंभिक गणित, सामान्य हिंदी, सामान्य अंग्रेजी, तार्किक क्षमता, समसामयिक घटनाओं और सामान्य जागरूकता से जुड़े प्रश्न पूछे जाएंगे।

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