नई दिल्ली: बढ़ते वायु प्रदूषण और धूम्रपान की आदतों के बीच एक सवाल अक्सर लोगों के मन में उठता है कि आखिर फेफड़ों के लिए ज्यादा खतरनाक क्या है—स्मोकिंग या प्रदूषित हवा? स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि दोनों ही फेफड़ों के लिए गंभीर खतरा हैं, लेकिन इनके असर और जोखिम की प्रकृति अलग-अलग होती है। भारत दुनिया के उन देशों में शामिल है जहां वायु प्रदूषण सार्वजनिक स्वास्थ्य की बड़ी चुनौती बना हुआ है। वहीं धूम्रपान आज भी फेफड़ों और श्वसन तंत्र से जुड़ी गंभीर बीमारियों का प्रमुख कारण…
Read More