
प्रतिबंधित संगठन Baloch Liberation Army (BLA) ने एक वीडियो जारी किया है, जिसमें कुछ लोग खुद को पाकिस्तानी सैनिक बताते हुए दिखाई दे रहे हैं।
वीडियो में वे आधिकारिक पहचान पत्र दिखाते हुए पाकिस्तानी सरकार और सेना से अपील कर रहे हैं कि उन्हें “अपना” माना जाए और रिहा कराने की कोशिश की जाए।
‘हम आपके आदमी हैं’—भावुक अपील
वीडियो में घुटनों के बल बैठे सैनिकों में से एक कहता है, “हमारे आईडी कार्ड देखिए… यह पाकिस्तान ने ही जारी किए हैं। हमें क्यों छोड़ा जा रहा है?”
वे अपने परिवारों का हवाला देते हुए सरकार से हस्तक्षेप की गुहार लगा रहे हैं। हालांकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
ऑपरेशन और अदला-बदली का दावा
रिपोर्ट्स के अनुसार, BLA का दावा है कि उसने हालिया अभियान के दौरान 17 सुरक्षा कर्मियों को पकड़ा था। शुरुआती जांच के बाद 10 को रिहा कर दिया गया, जबकि 7 अब भी कथित तौर पर हिरासत में हैं। संगठन ने कैदियों की अदला-बदली का प्रस्ताव भी रखा है और एक समय-सीमा तय की है।

पाकिस्तान की आधिकारिक चुप्पी
अब तक Pakistan Army या पाकिस्तान सरकार की ओर से इस वीडियो पर कोई औपचारिक बयान सामने नहीं आया है। कुछ रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि सेना ने इन व्यक्तियों को अपना मानने से इनकार किया है, लेकिन इसकी भी स्वतंत्र पुष्टि नहीं है। इस चुप्पी को लेकर सोशल मीडिया पर बहस तेज है।
बलूचिस्तान का पुराना घाव
बलूचिस्तान लंबे समय से अलगाववादी गतिविधियों और सुरक्षा अभियानों का केंद्र रहा है। वीडियो को कुछ स्वतंत्र पोर्टलों और BLA से जुड़े चैनलों पर साझा किया गया है, जिससे क्षेत्र में पहले से मौजूद तनाव और बढ़ सकता है। यह सिर्फ एक वीडियो नहीं, बल्कि सूचना युद्ध का हिस्सा भी हो सकता है।
अब नजर इस बात पर रहेगी कि क्या पाकिस्तान इस मामले पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया देता है। दक्षिण एशिया की जियोपॉलिटिक्स में ऐसे घटनाक्रम अक्सर बड़े कूटनीतिक असर छोड़ते हैं। फिलहाल, वीडियो ने सवाल ज्यादा खड़े किए हैं और जवाब कम दिए हैं।
“कचरे पर करारा वार: सदन में Garbage से ज्यादा Politics की बदबू!”
